तुम्हारी मोहब्बत में डूबा हुआ..
9. तुम्हारी मोहब्बत में डूबा हुआ
मैं धीरे-धीरे
तुम्हारी मोहब्बत में
इतना डूब चुका हूँ
कि अब बाहर निकलना नहीं चाहता।
तुम्हारी याद
मेरे भीतर
समंदर की लहरों की तरह उठती है।
कभी शांत,
कभी बेकाबू।
मैंने तुम्हारे लिए
अपने भीतर
एक पूरा संसार बना लिया है।
जहाँ सिर्फ तुम हो,
तुम्हारी आवाज़,
तुम्हारी हँसी,
तुम्हारा स्पर्श।
तुम्हारे बिना
अब हर खुशी अधूरी लगती है।
तुम्हारे साथ
साधारण पल भी
स्वर्ग जैसे लगते हैं।
तुम वह प्रेम हो
जिसने मेरी आत्मा को
पूरी तरह अपने रंग में रंग दिया।
10. अंतिम साँस तक
यदि प्रेम को
एक चेहरा देना हो,
तो मैं तुम्हारा चेहरा चुनूँगा।
यदि सुकून को
एक नाम देना हो,
तो वह तुम्हारा नाम होगा।
मैं तुम्हें
सिर्फ आज नहीं,
हर आने वाले कल में चाहता हूँ।
तुम्हारे साथ
उम्र बीत जाए,
बस यही इच्छा है।
मैं चाहता हूँ
कि जब मैं थक जाऊँ,
तो तुम्हारी गोद
मेरा अंतिम ठिकाना बने।
तुम्हारी उँगलियाँ
मेरे हाथों में रहें,
और मैं
तुम्हारी आँखों को देखते हुए
अपनी अंतिम साँस लूँ।
क्योंकि मेरे लिए
प्रेम का अर्थ
सिर्फ तुम्हें पाना नहीं,
तुममें पूरी तरह खो जाना है।
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