तेरी यादों में हर पल जलता हूँ मैं...
तेरी यादों में हर पल जलता हूँ मैं,
जैसे बिन बारिश के बादल सा तड़पता हूँ मैं।
तू दूर है तो ये सांसें भी बोझ लगती हैं,
तेरे बिना हर खुशी से डरता हूँ मैं।
रातों को तेरी आहट सुनता रहता हूँ,
खामोशी में तेरा नाम बुनता रहता हूँ।
तू आए ना आए मेरी किस्मत में,
मैं फिर भी तुझी से जुड़ता रहता हूँ।
ये दिल हर पल तुझे पुकारता है,
तेरे बिना हर रास्ता वीरान सा लगता है।
मैं कितना तड़प रहा हूँ तेरे लिए,
ये दर्द अब हर धड़कन में बसता है।
अगर तू एक बार लौट आए पास मेरे,
तो ये अधूरी ज़िंदगी मुकम्मल हो जाए।
मैं खुद को भी भूल जाऊं तेरी खातिर,
बस तू मिल जाए, ये तड़प थम जाए… 💔
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